ग्रीम स्मिथ का बड़ा बयान, केशव महाराज की गेंदबाजी भारत के लिए कड़ी चुनौती होगी …

दक्षिण अफ्रीका के पूर्व कप्तान ग्रीम स्मिथ का मानना है कि आगामी पांच जनवरी से शुरू होने वाले टेस्ट सीरीज में टीम इंडिया को कड़ी चुनौती का सामना करना पड़ सकता है। उनका कहना है कि दक्षिण अफ्रीकी गेंदबाज टीम इंडिया के बल्लेबाजी क्रम को दबाव में डाल सकता है। कड़ा मुकाबला होने की उम्मीद है |’उन्होंने कहा की  कि दक्षिण अफ्रीका की टीम काफी मजबूत होगी। एबी डिविलियर्स की वापसी से उनकी टीम काफी मजबूत नजर आती है। गेंदबाजी भी काफी मजबूत है।

यह दौरा उसके लिए बहुत चुनौतीपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि टीम इंडिया वहां कभी भी टेस्ट सीरीज नहीं जीत पाई है। स्मिथ ने कहा, ‘दक्षिण अफ्रीका में गेंद की मूव्हमेंट का ज्यादा असर नहीं होता है, वहां गेंद की अतिरिक्त उछाल बल्लेबाजों के लिए मुश्किलें पैदा करती हैं। इस लिहाज से टेस्ट कार्यक्रम भारत के लिए अच्छा है क्योंकि पहला टेस्ट केपटाउन में खेला जाना है। वहां की पिच पर गेंद को ज्यादा उछाल नहीं मिलेगी और चौथे व पांचवे दिन गेंद थोड़ी स्पिन भी लेगी। इसके मद्देनजर इस सीरीज में भारत के लिए सबसे अच्छे अवसर पहले टेस्ट में ही हैं।’

स्मिथ के नेतृत्व में चार साल पहले द. अफ्रीका ने अपने घर में भारत को हराया था। उन्होंने कहा, दूसरा और तीसरा टेस्ट भारत के लिए  मुश्किल  भरा  रहेगा।अफ्रीका की टीम के  तीन तेज गेंदबाजों और एक स्पिनर (केशव महाराज) तथा 6 बल्लेबाजों के साथ उतरने की सम्भावना है | ‘

हलाकि अफ्रीका के पूर्व कप्तान का मानना है की स्मिथ का मानना है कि बिना अभ्यास मैच के टेस्ट सीरीज के खेलने वाले भारत के लिए पहले टेस्ट का आयोजन केपटाउन में फायदेमंद हो सकता है। उन्होंने कहा, ‘मुझे लगता है कि केपटाउन में टीम इंडिया के पास सर्वश्रेष्ठ मौका होगा। दक्षिण अफ्रीका में गेंद का मूवमेंट इतना अधिक परेशान नहीं करता, जो चुनौती पैदा करता है वह अतिरिक्त उछाल है।

विराट कोहली की अगुआई वाली टीम इंडिया अभी बेहतरीन फॉर्म में है और लगातार 9 सीरीज जीत चुकी है। उन्होंने कहा कि टीम इंडिया ने जब पिछली बार दक्षिण अफ्रीका दौरा किया था, तो कप्तान कोहली, मुरली विजय, चेतेश्वर पुजारा और अजिंक्य रहाणे अच्छे फॉर्म में थे|स्मिथ ने कहा कि धवन और रोहित अब कहीं बेहतर खिलाड़ी हैं, लेकिन डेल स्टेन, मोर्ने मोर्कल, वर्नोन फिलेंडर और कैगिसो रबाडा जैसे तेज गेंदबाज के आगे टीम इंडिया को मशक्कत करनी पड़ सकती है।