जानकारी: भारत दुनिया के सबसे आलसी देशों में शामिल

Stanford University ने 46 देशों के करीब 7 लाख स्मार्टफोन Users के Data को मिलाकर एक लिस्ट तैयार की..जिसके मुताबिक भारत दुनिया के सबसे आलसी देशों में शामिल है

आलसी देशों की लिस्ट में भारत 39 वें नंबर पर है जहां लोग औसतन एक दिन में 4 हज़ार 297 कदम चलते हैं…आप इस बात से थोड़े से संतुष्ट हो सकते हैं कि दुनिया में 38 देश ऐसे हैं जहां के लोग भारतीय लोगों से ज़्यादा आलसी हैं. लेकिन इससे आपकी मुसीबत कम नहीं हो जाएगी. आलस के चक्रव्यूह में एक बार फंस गये.. तो वो आपको कहीं का नहीं छोड़ेगा.

रिसर्च के मुताबिक भारतीय महिलाओं की हालत और भी ज़्यादा ख़राब है. भारत की महिलाएं… पुरुषों के मुकाबले कम चलती हैं. भारत में पुरुष एक दिन में औसतन 4 हज़ार 606 कदम चलते हैं, जबकि महिलाएं 3 हज़ार 684 कदम चलती हैं.

रिसर्च के मुताबिक चीन के नागरिक सबसे ज़्यादा Active हैं, ख़ासतौर पर Hong-Kong में रहने वाले लोग बहुत एक्टिव हैं… वहां के लोग एक दिन में औसतन 6 हज़ार 880 कदम चलते हैं.

इसके अलावा Russia के लोग हर रोज़ 5,969 कदम चलते हैं…  और ब्रिटेन के लोग हर रोज़ 5,444 कदम चलते हैं.

इस रिसर्च के मुताबिक इंडोनेशिया के लोग सबसे ज़्यादा आलसी हैं, इंडोनेशिया के लोग एक दिन में औसतन 3 हज़ार 513 कदम ही चलते हैं. इंडोनेशिया के अलावा सऊदी अरब और मलेशिया के लोग भी बहुत आलसी हैं.. और उनकी हालत भारत से भी ख़राब है.

डॉक्टरों के मुताबिक एक स्वस्थ जीवन के लिए रोजाना कम से कम 7 हज़ार कदम पैदल चलना चाहिए, ऐसा करके आप मोटापे, डायबिटीज़ और दिल की बीमारियों से बच सकते हैं. लेकिन भारत में ऐसा हर रोज़ करने वाले लोग बहुत कम हैं.

भारत में 3 करोड़ लोग मोटापे के शिकार हैं.. हालांकि यहां हम साफ कर दें कि ये संख्या Obesity यानी मोटापे के शिकार लोगों की है.. Overweight लोगों की संख्या इससे कहीं ज़्यादा हो सकती है.. ऐसा भी हो सकता है.. कि भारत की करीब आधी आबादी का वज़न… तय सीमा से ज़्यादा हो.

देश में 3 करोड़ से ज़्यादा लोग दिल की बीमारियों से पीड़ित हैं और करीब 7 करोड़ लोग डायबिटीज़ के मरीज़ हैं.

यानी भारत युवाओं का देश होने के साथ साथ मरीज़ों का देश भी बन गया है… अब आप खुद सोचिए कि जिस देश के लोग इतने Unfit होंगे.. वो देश आगे कैसे बढ़ेगा?

रोज़ाना 30 से 60 मिनट तक पैदल चलने से हार्ट अटैक का ख़तरा 30 प्रतिशत कम किया जा सकता है.

30 से 40 मिनट की Walk से डायबिटीज़ का ख़तरा करीब  35  प्रतिशत तक कम हो सकता है.

दिन में 30 मिनट पैदल चलने से डिप्रेशन का खतरा 36 प्रतिशत तक कम किया जा सकता है.

रोज़ाना कम से कम 1 घंटे की Walk से मोटापे का खतरा 50 प्रतिशत कम हो जाता है.