धार्मिक स्वतंत्रता वैसे ही जरूरी जैसे व्यक्ति के लिए उसके अधिकारः हेली

नई दिल्ली। संयुक्त राष्ट्र में अमेरिका की राजदूत निक्की हेली ने कहा है कि धार्मिक स्वतंत्रता वैसे ही जरूरी है जैसे किसी व्यक्ति के लिए उसके अधिकार।

बुधवार को भारत में अमेरिका के राजदूत केनेथ जस्टर के साथ हेली ने हुमायूं के मकबरे को देखा। उनका कहना था कि गुरुवार को वह कई धार्मिक स्थलों पर जाएंगी।

इस दौरान उनके चर्च, मस्जिद के साथ मंदिर में जाने की संभावना है। हेली का कहना था कि यहां आकर लगा कि जैसे घर आ गई हूं।

माता पिता कह रहे थे कि इतनी गर्मी में यहां आने का मतलब नहीं है पर राजदूत का कहना था कि भारत आना अपने आप में सुखद है। हेली ने कहा कि भारत व अमेरिका में बहुत सारी समानताएं हैं।

वह दोनों देशों के संबंधों को और मजबूत बनाना चाहेंगी। भारत व अमेरिका के रिश्तों को मजबूत करना उनके भारत दौरे का ध्येय है।

विश्व के दो सबसे पुराने लोकतंत्रों में आतंकवाद से लड़ाई व सैन्य मसलों पर एक राय होनी चाहिए। संयुक्त राष्ट्र में जाने के बाद उनकी यह पहली भारत यात्रा है।

हालांकि 2014 के आखिर में वह पहले भी यहां आ चुकी हैं तब साउथ केरोलिना की गवर्नर थीं। भारत-अमेरिका मूल की निक्की सिख प्रवासी की बेटी हैं। वह भारतीय मूल की पहली ऐसी महिला हैं जिन्हें अमेरिकी राष्ट्रपति की कैबिनेट में काम करने का मौका मिला है।

हेली मंगलवार रात को भारत पहुंची हैं। विदेश मंत्रालय के अधिकारियों से उनकी मुलाकात प्रस्तावित है। इस दौरान वह सरकार के नुमाइंदों के साथ बिजनेस लीडर्स व छात्रों से मिलेंगी। भारत प्रवास के दौरान उनकी पीएम नरेंद्र मोदी के साथ मुलाकात हो सकती है।

छह जुलाई को अमेरिका भारत के साथ दो प्लस दो की वार्ता करने जा रहा है। विदेश मंत्री माइकल पोंपियो व रक्षा मंत्री जेम्स मेटिस भारत की विदेश मंत्री सुषमा स्वराज व रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण के साथ बैठक करेंगे। उससे पहले हेली का यह दौरा अहम है।

कैलाश सत्यार्थी से की मुलाकात

हेली ने नोबल पुरस्कार विजेता कैलाश सत्यार्थी से मुलाकात की। वह मुक्ति धाम भी गईं जहां तस्करों से बचाए बच्चों को रखा जाता है।

सत्यार्थी ने उनसे अनुरोध किया कि संयुक्त राष्ट्र इस मामले में कोई पुख्ता नीति बनाए। हेली का कहना था कि अमेरिका बाल तस्करी को रोकने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है।

मोदी से कहा, ईरान से तेल का आयात बंद करे भारत

निक्की हेली ने गुरुवार को पीएम नरेंद्र मोदी से भी मुलाकात की। उन्होंने कहा कि भारत ईरान से तेल का आयात बंद करे।

उन्होंने यह भी कहा कि चाबहार बादरगाह पर भारत की उपस्थिति को लेकर अमेरिका को कोई एतराज नहीं है। हेली ने मुलाकात के बाद कहा कि मोदी ने उनकी बात को ध्यान से सुना और माना कि अमेरिका के साथ संबंधों को लेकर भारत बेहद संजीदा है।

हेली का कहना था कि ईरान मामले पर दोनों देश आपसी समझ से काम करने के इच्छुक हैं। उन्होंने इसके बाद विदेश मंत्री सुषमा स्वराज से भी मुलाकात की।