नकली लेदर को ऐसे पहचाने

सर्दियां आ रही हैं और शायद आप लोगों ने इससे बचने के लिए अभी से तैयारियां भी शुरू कर दी होंगी। ऐसे में ये खबर आपके लिए बेहद जरूरी है। अगर आप चमड़े की कोई जैकेट खरीदने की तैयारी कर रहे हैं तो सावधान हो जाएं क्योंकि मार्केट में असली चमड़ा बोलकर आपको नकली माल चिपकाने वाले बहुत से ठग मिल जाएंगे। याद रखें इन्हीं दिनों बाजार में ये लोग अपना डेरा जमा लेते हैं।  अब आप सोच रहे होंगे कि इनसे कैसे बचा जाए..? असली चमड़ा पहचानने का जो सरल उपाय हम आपको बताने वाले हैं ये आपको जीवन भर काम आएगा। दरअसल, हम आपको असली चमड़े की पहचान के साथ नकली और असली चमड़े के बीच का फर्क बताने वाले हैं ये है चमड़े को पहचानने के आसान तरीका
चमड़े को पहचानने का एक आसान तरीका है उसे दबाकर या खींचकर देखना। अगर चमड़ा असली है तो इसमें सिकुड़न और खिंचाव नजर आएगा और अगर नकली है तो इस पर कोई फर्क नहीं दिखेगा। खरीदने से पहले चमड़े के जैकेट को अच्छी तरह छूकर और महसूस कर जांच लें। जैकेट की सामग्री में हल्की-फुल्की खराबी असली चमड़े की पहचान है।  असली चमड़े से प्लास्टिक या केमिकल की गंध नहीं आती है, जबकि असली चमड़े के जैकेट को खींचने पर उसमें बहुत बारीक छेद नजर आते हैं, जो की रोमछिद्रों के छेद जैसे होते हैं। जबकि कृत्रिम चमड़े के जैकेट को खींचने पर ऐसा कुछ आपको नजर नहीं आएगा।  असली चमड़े का जैकेट छूने पर मुलायम व कोमल स्पर्श देगा, जबकि नकली चमड़ा कठोर महसूस होता है। असली चमड़े के जैकेट को मोड़ने या खींचने पर लचीलापन और रंग में थोड़ा बदलाव नजर आएगा। वहीं नकली चमड़ा कठोर व सख्त बना रहेगा। असली चमड़ा जल्दी खराब नहीं होता और यह 10 साल से अधिक समय तक टिका रह सकता है। इसलिए भी लोग इसे लेना ज्यादा पसंद करते हैं