नशे में मारपीट से परेशान पिता, चाचा और भाई ने ही की थी युवक की हत्या

अंबिकापुर(बिलासपुर)।दो दिन पहले प्रतापगढ़ में एक युवक की हत्या कर शव को तालाब में फेंक देने के मामले का खुलासा करते हुए पुलिस ने उसके पिता, चाचा व भाई को गिरफ्तार किया है। मृतक द्वारा आए दिन शराब पीकर घर के लोगों के साथ मारपीट कर पैसे मांगने की आदत से तंग आकर तीनों ने वारदात को अंजाम दिया।
– युवक की जिस दिन हत्या हुई शराब के नशे में धुत्त होकर वह मां व भाई से झगड़ रहा था। विवाद शांत होने के बाद वह कमरे में सोने चला गया। इसी दौरान तीनों ने सोते वक्त रस्सी से उसका गला घोंटकर मार डाला और शव को चलता के पास पण्डरी तालाब में फेंक दिया।
– पुलिस ने बताया कि दर्रीपारा प्रतापगढ़ निवासी विनोद यादव 20 वर्ष, 21अक्टूबर की सुबह अपने साथी अजीत गौड़ के साथ तमिलनाडु काम करने के लिए जाने की बात कहकर मां बिलासो बाई से पांच हजार रुपए की मांग की। मां ने पैसा नहीं होने की बात कही। विनोद ने कहा कि मैं मोबाइल बेचकर जा रहा हूं। इसके बाद वह बस में अपने दोस्त के साथ पत्थलगांव चला गया। वहां से दोपहर में घूमकर लौटा।
– चलता में दोस्त के साथ शराब पीने के बाद करीब 3 बजे अपने घर लौटा। इस दौरान उसके पिता फुलेश्वर यादव भाई विजय यादव, चाचा संजय यादव एवं मां बिलासो बाई बाड़ी में आलू लगा रहे थे। विनोद ने वहां जाकर फिर पैसों की मांग करते हुए फावड़े से प्लास्टिक की तगाड़ी को तोड़ दिया।
– इसके बाद उसने अपनी मां को मारने के लिए फावड़ा उठाया। उसके भाई ने बीच-बचाव का प्रयास किया तो उसे धक्का देकर गिरा दिया। पिता फुलेश्वर ने विनोद को थप्पड़ मारकर घर भेज दिया। कुछ देर बाद वह अपने कमरे में जाकर सो गया। इसी दौरान पिता, चाचा व भाई कमरे में पहंुचे और प्लास्टिक की रस्सी से गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी। देर रात शव को तीनों मिलकर पंडरी तालाब में फेंक आए। पुलिस ने गांव के लोगों से पूछताछ की तो मामले का सुराग मिला।
– तीनों ने पूछताछ में हत्या करने की बात कबूल कर ली। पुलिस ने तीनों के खिलाफ धारा 302, 201 एवं 34 के तहत अपराध दर्ज कर लिया है। कार्रवाई में एसडीओपी ऐश्वर्य चंद्राकर, टीआई मनीष धुर्वे, एसआई केपी गुप्ता, एएसआई अनिल पाण्डे, आरक्षक पंकज देवांगन, शिवलाल सक्रिय रहे।
तालाब के पास बाइक ले जाते ग्रामीणों ने देखा, झगड़ा होने की बात भी पता चली
– शव को देर रात तीनों मिलकर तालाब में फेंक आए। इसके बाद पिता फुलेश्वर एवं चाचा संजय मृतक की बाइक को तालाब में फेंकने मेन रोड से निकले। तालाब के पास उन्होंने बाइक झाड़ियों में फेंक दी। पुलिस ने बताया कि बाइक ले जाते वक्त दोनों को गांव के लोगों ने देख लिया था।
– पूछताछ में ग्रामीणों से इस बात की जानकारी पुलिस को मिली। इसी सुराग के आधार पर जब गांव के लोगों से पूछताछ हुई तो उन्होंने वारदात के दिन तीनों के साथ मृतक का झगड़ा होने की बात बताई।
मृतक की आदतों से परेशान थे घर के लोग इसीलिए योजना बना की हत्या
– पुलिस के मुताबिक मृतक विनोद यादव नशे का आदी था। कुछ काम-धाम नहीं करने के कारण वह शराब पीने के लिए रोज घर में पैसों की मांग करता था। पैसे नहीं देने पर मां व पिता से मारपीट भी करता था। आए दिन उसकी इस हरकत से घर के लोग परेशान थे।
– वारदात के दिन भी व पैसोंें की मांग कर पहले मां फिर भाई से मारपीट पर उतारु हो गया था। इसी बात को लेकर तीनों ने योजना बनाकर उसकी हत्या कर दी।
आठ घंटे तक शव को कमरे में ही रखे रहे
शाम चार बजे विनोद की हत्या करने के बाद तीनों ने शव को बेड में लिटाकर चादर से ढंक दिया और रात होने का इंतजार करने लगे। तीनों ने देर रात बारह बजे शव को चादर में लपेटकर बांस की बल्ली में ढोकर घर से एक किमी दूर पण्डरी तालाब में ले जाकर फेंक दिया। दूसरे दिन मृतक के पिता फुलेश्वर की रिपोर्ट पर पुलिस मामले में अपराध कायम कर जांच में जुटी थी।