पाप मां ने किया और सजा इस मासूम बच्‍ची को मिली

एक कलियुगी मां अपनी नवजात मासूम बेटी को रोता-बिलखता रेलवे पटरियों के किनारे झाड़ियों में फेंक गई। घने जंगल में वन्य प्राणी लाड़ली को अपना निवाला बनाते उससे पहले पुलिस को खबर लग गई। अस्पताल में उपचार के बाद बच्ची की हालत सामान्य है। केसला थाने के जांच अधिकारी गुलाब सिंह रघुवंशी ने बताया कि सुबह करीब 8ः30 बजे कालाआखर निवासी छात्र एवं ग्राम रक्षा समिति सदस्य अंकित पवार ने पुलिस को बताया कि नागपुर रेलवे ट्रेक पर हिरनापुरा गांव के पास रेलवे ट्रेक किनारे कपड़ों में लिपटी एक नवजात बच्ची रो रही है। सूचना पर तत्काल पुलिस मौके पर पहुंची। यहां पुलिस को कपड़ों में लिपटी नवजात बच्ची झाड़ियों में नजर आई। पास में एक थैला पड़ा हुआ मिला। बच्ची के शरीर पर मामूली खरोंच के निशान थे।

चल रही थी धड़कनें

पुलिस को लगा कि नवजात की मृत्यु हो चुकी है, लेकिन उसकी सांसे चल रही थीं, तत्काल 108 एबुलेंस की मदद से उसे इटारसी के डीएसपीएम हॉस्पिटल भेजा गया। यहां शिशु रोग विशेषज्ञ ने बच्ची को तत्काल एडमिट कर उसे प्राथमिक उपचार कर एसएनसीयू में रखा। बच्ची की हालत सामान्य है। पुलिस के अनुसार बच्ची को ट्रेन से फेंके जाने की आशंका नहीं है, हालांकि रेलवे ट्रेक पास में ही है।

संभवतः अनचाहे गर्भ में जन्मी बच्ची की परवरिश से पल्ला झाड़ने के लिए इसकी मां ने उसे जंगल में छोड़ दिया था। पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ धारा 317 आईपीसी के तहत मामला पंजीबद्घ किया है।अस्पताल में बच्ची को विशेष निगरानी में रखा गया है और लगातार उसकी जांच की जा रही है। बच्ची को नर्सिंग स्टॉफ बोतल से दूध दे रहा है, जिससे उसकी हालत न बिगड़े। बच्ची के परिजनों की तलाश के लिए पुलिस ने भी आसपास गांवों में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं से जानकारी जुटाई है।