पीएचडी पर विवाद बढ़ा तो उप समिति गठित, परीक्षा नियंत्रक ने हर दिए हस्ताक्षर

पीएचडी प्रवेश परीक्षा को लेकर उपजा विवाद थम गया। परीक्षा का रिजल्ट तैयार करने के लिए कुलपति प्रो. संगीता शुक्ला ने सात सदस्यीय उप समिति गठित कर दी। इसमें विरोध करने वाले परीक्षा नियंत्रक प्रो. राकेश सिंह कुशवाह को भी शामिल कर लिया। प्रो.कुशवाह ने रिजल्ट पर हस्ताक्षर भी कर दिए। उप समिति ने रिजल्ट कुलपति को सौंप दिया। अब वे ही उसे जारी करेंगी।

मामला चूंकि गंभीर था इसलिए शिक्षकों ने कुलपति से कहा कि प्रवेश पत्र पर चूंकि परीक्षा नियंत्रक के हस्ताक्षर हैं इसलिए रिजल्ट पर भी उनके हस्ताक्षर होना जरूरी है। कुलपति ने प्रो. कुशवाह से हस्ताक्षर करने को कहा तो उन्होंने इनकार कर दिया था। आखिर कुछ शिक्षकों के हस्तक्षेप से बीच का रास्ता निकाला और कुलपति ने सात सदस्यीय उप समिति गठित की। इसमें प्रो. कुशवाह के अलावा प्रो. डीडी अग्रवाल, प्रो.नलिनी श्रीवास्तव, प्रो. वाईके जायसवाल, प्रो. राजेन्द्र खटीक, प्रो. जेएन गौतम व प्रो. एके सिंह को शामिल किया। समिति सदस्यों ने हस्ताक्षर कर दिए। उल्लेखनीय है कि रविवार को प्रवेश परीक्षा हुई थी। प्रवेश पत्र पर परीक्षा नियंत्रक के डिजिटल हस्ताक्षर थे। जबकि प्रो. कुशवाह को इसकी जानकारी ही नहीं थी। इस पर उन्होंने आपत्ति की ओर परीक्षा से दूरियां बना ली थीं।

छात्र जेयू के चक्कर काटते रहे

जेयू ने परीक्षा के दूसरे ही दिन रिजल्ट जारी करने का दावा किया था। लेकिन बुधवार तक ऐसा नहीं हुआ। इसलिए छात्र जेयू के चक्कर लगा रहे हैं।