बिग बी क्यों नहीं बन पाए ‘बाहुबली’ का हिस्सा

बॉक्स ऑफ़िस पर धमाल मचाने वाली भारतीय फ़िल्म ‘बाहुबली 2- द कन्क्लूज़न’ ने कमाई समेत कई मामलों में रिकॉर्ड बनाए हैं.
हिंदी, मलयालम, तेलुगू समेत कई भाषाओं में रिलीज़ का रिकॉर्ड बनाने वाली इस फ़िल्म ने पहले दिन ही 100 करोड़ का आंकड़ा पार कर लिया.
फ़िल्म को मिली इतनी बड़ा सफलता के पीछे फ़िल्म के कलाकारों, इसमें काम करने वाले तकनीशियनों, आधुनिक टेक्नोलॉजी, बड़ा बजट और मार्केटिंग योजना का बहुत बड़ा हाथ रहा है.
आइए जानते हैं वो छह बातें जिसने फ़िल्म को अभूतपूर्व सफलता के मुक़ाम पर ला खड़ा किया है.
कलाकारों ने शरीर को मशीन बना दिया
‘बाहुबली’ के मुंबई प्रमोशन के दौरान फ़िल्म के निर्देशक एसएस राजामौली का कहना था कि, “बाहुबली केवल एक फ़िल्म भर नहीं है, बल्कि वो इस फ़िल्म से जुड़े रहने के लिए एक कठिन साधना की तरह है. जिसके लिए कई लोगों ने ना केवल काफ़ी कुछ त्याग किया बल्कि काफी कुछ खोया भी है.”
मसलन फ़िल्म में बाहुबली बने अभिनेता प्रभास ने पहले भाग से लेकर दूसरे भाग के बीच कोई दूसरी फ़िल्म स्वीकार नहीं की. जबकि ‘बाहुबली-द बिगनिंग’ से ही वो बड़े स्टार बन चुके थे.
मुंबई में फ़िल्म की रिलीज़ से पहले मीडिया से मुख़ातिब हुए राजामौली ने फ़िल्म और इसके कलाकारों की दीवानगी को लेकर कहा था कि, “इसमें सभी कलाकारों ने अपने जीवन का सर्वश्रेष्ठ दिया है और क़िरदारों के मुताबिक़ ख़ुद को ढालने के लिए उन्होंने अपने शरीर को एक मशीन की तरह इस्तेमाल किया.”
फ़िल्म में भल्लाल देव बने राणा डुग्गुबाती को अपना वज़न 33 किलो बढ़ाना पड़ा.
खुद प्रभास ने अपना वजन 30 किलो बढ़ाया ताकि वो परदे पर 150 किलो के अमरेंद्र बाहुबली दिख सकें.
राजामौली के मुताबिक़ वो ‘बाहुबली-2’ में बॉलीवुड के कई कलाकारों को भी लेना चाहते थे. लेकिन फ़िल्म में उनके लिए कोई जगह नहीं बना पाए.
ख़बर थी कि फ़िल्म में अमिताभ बच्चन ने भी केमियो रोल में नज़र आने की इच्छा ज़ाहिर की थी. लेकिन फ़िल्म में ऐसा कोई किरदार नहीं था जो बिग बी पर सूट हो सके.
‘बाहुबली-द बिगनिंग’ में राजमाता के रोल के लिए राजामौली ने पहले श्रीदेवी को अप्रोच किया था, लेकिन इस रोल के लिए श्रीदेवी ने छह करोड़ रुपये की डिमांड रख दी जिसे राजामौली ने ठुकरा दिया.
आज इस रोल के लिए अभिनेत्री राम्या कृष्णन की काफ़ी तारीफ़ हो रही है.

Leave a Reply