राजस्थान में चुनाव से पहले बदले गये 3 गावों के नाम, अब ‘मियां का बाड़ा’ गांव हुआ ‘महेश नगर’

जयपुर: राजस्थान में करीब 2000 लोगों का एक गांव अब नए नाम से जाना जाएगा. काफी समय से अपने गांव के नाम बदलने को लेकर लोगों की इच्छा अब जाकर पूरी हुई है. दरअसल,  बाड़मेर जिले के मियां का बाड़ा गांव का नाम बदलकर अब भगवान शंकर के नाम पर रख दिया गया है. यानी अब मियां का बाड़ा गांव महेश नगर के नाम से जाना जाएगा. मियां का बाड़ा नाम से मुस्लिम मानसिकता की झलक मिलती है. मगर यहां की बहुसंख्यक आबादी हिंदू है यानी हिंदू बहुल इलाका. हिंदू-वर्चस्व वाले मियां का बाड़ा गांव के निवासियों ने शिकायत की थी कि इस नाम की वजह से उनके बच्चों की शादियों में दिक्कतें आती हैं.

सरकार ने बॉर्डर के पास वाले बाड़मेर जिले के इस गांव के नाम को मियां का बाड़ा से बदलकर महेश नगर कर दिया है. स्थानीय लोगों का दावा है कि असल में इस गांव का नाम महेश रो बाड़ो था. सरपंच हनुमंत सिंह ने समाचार एजेंसी एएनआई से कहा कि आजादी से पहले तक इस गांव का नाम महेश रो बाड़ो था, मगर उसके बाद इसका नाम मियां का बाड़ा बदल दिया गया. अब इसका नाम महेश नगर कर दिया गया है

बाड़मेर बॉर्डर इलाके का का जिला है. मियां का बाड़ा एक समय का प्रतिबिंह है जब गांव में सभी धर्मों के लोग रहा करते थे. हालांकि, अब गांव के लोगों का कहना है कि मियां शब्द मुस्लिम लोगों के लिए इस्तेमाल होता है और यहां मुस्लिमों की आबादी बहुत कम है.

इसके अलावा राजस्थान के अन्य दो गांवों इस्माइल खुर्द और नरपाड़ा के नाम बदलकर क्रमश: पिचनवा खुर्द और नरपुरा कर दिए गए हैं. अधिकारियों ने आज यह जानकारी दी.

यह फैसला राजस्थान में विधानसभा चुनावों से कुछ महीने पहले किया गया है. राजस्थान में मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे की अध्यक्षता वाली भाजपा सरकार सत्ता में है. एक आधिकारिक सूत्र ने बताया कि झुंझुनू जिले के इस्माइल खुर्द का नाम बदलकर पिचनवा खुर्द और जालौर जिले के नरपाड़ा का नरपुरा कर दिया गया है.    रेल मंत्रालय, डाक विभाग और भारतीय सर्वेक्षण विभाग द्वारा कोई आपत्ति नहीं जताने पर गृह मंत्रालय ने नाम बदले. इस संबंध में प्रस्ताव राजस्थान सरकार ने भेजा था.