राहुल गांधी ही नहीं, पूरी कांग्रेस राफेल को लेकर कंफ्यूज है: रक्षा मंत्री

ग्वालियर,  राफेल को लेकर राहुल गांधी ही नहीं, पूरी कांग्रेस कंफ्यूज है। संसद में जवाब दिया जा चुका है। खरीदी के 99 प्रतिशत नियम वही फॉलो किए गए हैं,जो कांग्रेस ने यूपीए सरकार के समय बनाए थे। बेहतर हो राफेल को लेकर राहुल गांधी पूर्व रक्षा मंत्री एके एंटनी से बातचीत कर समझ लें कि रक्षा सौदे किस तरह होते हैं।

यह बात देश की रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने शुक्रवार को यहां पत्रकारों से चर्चा के दौरान कही। वे यहां विधानसभा चुनावों के क्रम में ग्वालियर जिले से भाजपा प्रत्याशियों के समर्थन में पत्रकारवार्ता के जरिए समर्थन जुटाने आईं थीं। कांग्रेस नेता सीपी जोशी के बयानों को लेकर उन्होंने कहा कि कांग्रेस सिर्फ बंटवारे की बात करती है। चुनाव के दौरान मंदिर जाने वाले और कुर्ते के ऊपर जनेऊ धारण करने वाले राहुल गांधी का मकसद चुनावों में वोट लेना भर है।

रक्षा मंत्री ने किया आर्थिक विश्लेषण

प्रदेश सरकार की सराहना करते हुए उन्होंने कहा कि शिवराज सिंह ने एक बेहतर प्रशासन जनता को दिया है। लोग जिस राज्य को बीमारू कहते थे, आज कृषि विकास के मामले में वह देश में मॉडल बन गया है। आर्थिक विश्लेषण के तीनों पैमाने कृषि, इंडस्ट्री और टर्सरी सेक्टर तीनों में प्रदेश ने बेहतर तरक्की की है। खासकर कृषि के मामले में अकेला ऐसा प्रदेश है जहां ग्रोथ रेट दहाई अंकों में है।

दमदख लगाना हमारा धर्म

प्रदेश में विकास की गंगा बहने के बाद भी चुनाव में पूरी पार्टी को आने की जरूरत पर उन्होंने कहा कि चुनावों में जनता के बीच अपने कामों को रखना जरूरी है। हम जनता को अपने किए गए काम दमखम के साथ बताकर पार्टी को बहुमत के लिए भी आग्रह करेंगें।

पहले तीन का नाम, बाद में पूरे छह

रक्षा मंत्री ग्वालियर जिले की सीट संख्या को लेकर भ्रम में रहीं। पहले कहा कि वह तीन सीटों प्रत्याशी जयभान सिंह पवैया, नारायण सिंह कुशवाह व सतीश सिकरवार के लिए समर्थन मांगने आईं हैं। जिलाध्यक्ष देवेश शर्मा ने उन्हें बताया कि 3 सीटें ग्रामीण क्षेत्र की भी हैं, तब शेष तीन पार्टी प्रत्याशी भारत सिंह, कप्तान सिंह व अनूप मिश्रा के लिए समर्थन मांगने की बात कही।

विकास भी देखना चाहिए

2003 में प्रदेश पर 25 हजार करोड़ के कर्ज से बढ़कर एक लाख 73 हजार का कर्ज होने के सवाल पर उन्होंने कहा कि तब की तुलना में अब का विकास भी देखना चाहिए। ग्वालियर में सिविल एयरपोर्ट की स्वीकृति न मिलने को लेकर उन्होंने कहा कि इस मामले में उन्हें जानकारी नहीं है।

डीआरडीओ से निर्माण की दूरी पर घोषणा चुनाव बाद

रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि डीआरडीई, डीआरडीओ व अन्य रक्षा संस्थानों से निर्माण की दूरी को लेकर देश भर के लिए नीति बन चुकी है। चुनाव आचार संहिता के कारण अभी इस पर कुछ भी नहीं बोल सकती। उन्होंने कहा कि ग्वालियर में डीआरडीई के 200 मीटर के दायरे में निर्माण पर हो रही कार्रवाई के सिलसिले में सांसद व केन्द्रीय मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर से उनकी चर्चा हुई थी। चूंकि पीएम मोदी जी के निर्देश हैं कि किसी भी मामले में निर्णय स्पष्ट नीति के तहत होना चाहिए, इसलिए नीति बनवाने के लिए समिति गठित की गई। निर्णय पर घोषणा चुनाव के बाद की जाएगी।