विधायक से मारपीट मामले में कार्रवाई, महासमुंद एसपी को हटाया

रायपुर । विधायक से मारपीट के मामले में आइपीएस उदय किरण को सरकार ने महासमुंद से हटा दिया है। उदय पर आरोप है कि उन्होंने बैडमिंटन खिलाड़ियों से छेड़छाड़ की रिपोर्ट कराने पहुंचे महासमुंद विधायक डॉ. विमल चोपड़ा पर लाठी चार्ज करवा दिया। इससे विधायक गंभीर घायल हो गए।

मामला तूल पकड़ते ही मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने प्रकरण की जांच की जिम्मेदारी पंचायत मंत्री अजय चंद्राकर को सौंपी थी। मामले की दंडाधिकारी जांच भी चल रही है। इस बीच तीन दिन पहले हुई कैबिनेट बैठक में मंत्रियों ने भी उदय किरण की गुंडागर्दी पर सख्त एतराज जताते हुए कार्रवाई की मांग की थी।

आखिरकार शुक्रवार को राज्य सरकार ने उदय को महासमुंद के नगर पुलिस अधीक्षक के पद से हटाकर एसटीएफ बघेरा का सहायक पुलिस अधीक्षक नियुक्त कर दिया है।

यह है घटनाक्रम

19 जून को महासमुंद विधायक बैडमिंटन खिलाड़ियों से छेड़छाड़ की रिपोर्ट कराने थाने गए थे। वहां उदय किरण से बहस हो गई। उदय ने लाठी चार्ज का आदेश दिया जिस पर पुलिस ने विधायक और उनके समर्थकों को जमकर पीट दिया।

पुलिस ने विधायक और समर्थकों पर बलवा का मामला भी दर्ज कर लिया। इससे नाराज जनता ने अगले महासमुंद बंद करा दिया। मामला बढ़ते देख कलेक्टर ने दंडाधिकारी जांच के आदेश दिए। विधायक चोपड़ा ने सीएम से मुलाकात कर पूरी घटना बताई। इस पर सीएम ने मंत्री अजय चंद्रकार को जांच करने महासमुंद भेजा था। चंद्राकर की जांच रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की गई है।

चर्चित रहे हैं उदय किरण

आईपीएस उदय किरण इससे पहले भी कई वजहों से चर्चा में आ चुके हैं। बिलासपुर में प्रशिक्षु के रूप में तैनाती के दौरान उन पर भाजपा कार्यकर्ताओं और एक पत्रकार से मारपीट का आरोप लगा था। उन्होंने अपने केबिन से विजिटर कुर्सियां हटवा दी हैं। उनसे मुलाकात के लिए गए व्यक्ति को खड़ा रहना पड़ता है।