सामुहिक दुष्कर्म की रिपोर्ट दर्ज कराई, मामला निकला हनीट्रैप का

जयपुर। राजस्थान के अलवर जिले के भिवाड़ी में गैंगरेप का मामला दर्ज कराने वाली महिला दरअसल हनी ट्रेप करने वाले गिरोह की सदस्य निकली। यह महिला केस वापस लेने के लिए 25 लाख रुपए लेते हुए पकड़ी गई। गैंगरेप की घटना की रिपोर्ट 5 मई को दर्ज कराई गई थी।

पुलिस ने रविवार को राजधानी दिल्ली के नेताजी सुभाष प्लेस स्थित एक शॉपिंग मॉल में गैंगरेप की शिकायत करने वाली इस महिला, मोबाइल कंपनी रिंगिंग बेल्स के मालिक मोहित गोयल और उसके एक अन्य साथी विकास मित्तल को आरोपितों से 25 लाख रुपए लेते रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।

पुलिस को आशंका है कि मोहित गोयल अपने अन्य साथियों के साथ हाई प्रोफाइल हनी ट्रेप रैकेट चलाता है। रैकेट की महिला सदस्य अमीर कारोबारियों को फंसाती है, फिर केस वापस लेने के नाम पर आरोपितों से करोड़ों रुपए वसूले जाते हैं। घरवालों ने महिला और उसके साथियों से मोबाइल पर पैसे के लेन-देन को लेकर हुई पूरी बातचीत की कॉल रिकॉर्ड भी पुलिस को सौंपी है।

गैंगरेप के आरोपितों के परिजनों का कहना है कि कथित पीड़िता ने उनसे 10 करोड़ रुपए की मांग रखी थी। मामले को रफा-दफा करने के लिए आरोपितों का परिवार गैंगरेप की शिकायत करने वाली महिला को 2.5 करोड़ रुपए देने को तैयार हो गए। पुलिस के मुताबिक गैंगरेप की शिकायत करने वाली महिला ने अब तक आरोपित परिवार से 1.1 करोड़ रुपए की वसूली कर ली है।

परिवारवालों के मुताबिक शिकायत करने वाली महिला कुछ महीने पहले आरोपितों के संपर्क में आई और उसने बताया कि वह इवेंट मैनेजमेंट का काम करती है। एक इवेंट के सिलसिले में महिला पांचों आरोपितों के साथ भिवाड़ी आई, जहां वे एक होटल में ठहरे और अगले ही दिन महिला ने पांचों के खिलाफ गैंगरेप का केस दर्ज करा दिया।

केस दर्ज कराने के कुछ ही समय बाद महिला और उसके साथियों ने आरोपितों के परिवार वालों से संपर्क कर पैसे लेकर केस वापस लेने का प्रस्ताव रखा। परिवार वाले केस रफा-दफा करने के लिए उन्हें पैसे देने को राजी हो गए, लेकिन पहली पेशगी लेने के बाद जब डिमांड और बढ़ने लगी तो परिवार वालों को इन पर शक हुआ। फिर आरोपितों के परिजनों ने नेताजी सुभाष प्लेस पुलिस से इसकी शिकायत की।

पुलिस ने बताया कि रविवार को वह अपने साथियों के साथ गैंगरेप आरोपित से 30 लाख रुपए की वसूली करने नेताजी सुभाष प्लेस के शॉपिंग मॉल में आई थी। पुलिस ने तीनों को आरोपितों के हाथों 25 लाख की रकम लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।