NASA के वैज्ञानिकों ने ढूंढा शनि के आकार का ग्रह, वातावरण में खोज निकाला पानी

WASP-39b कन्या नक्षत्र का एक हिस्सा है। ये अपने तारे से पृथ्वी और सूर्य के मुकाबले 20 गुना अधिक समीप है। पृथ्वी की तरह ये अपने धुरी पर चारों ओर नहीं घूमता। इस ग्रह का केवल एक ही हिस्सा तारे की तरफ होता है जिसका मतलब है कि इस ग्रह पर तापमान काफी ज्यादा है। तारे की तरफ इस ग्रह का तापमान 1430 डिग्री फैरैनहाइट तक हो सकता है।

वैज्ञानिकों का कहना है कि इस ग्रह के वातावरण में इतनी मात्रा में पानी मिलना इस बात का संकेत हैं कि इसका निर्माण तारे से काफी दूर हुआ है जहां बर्फीली चीजों से इसका सामना हुआ। इस ग्रह पर काम कर रहे वैज्ञानिकों के प्रमुख ने कहा कि हमें अपने सौर मंडल से बाहर निकलकर देखने की जरूरत है ताकि इसे बेहतर से समझ पाएं। उन्होंने कहा, ‘इस ग्रह की रचना बाकी ग्रहों से अलग है और जटिल है। और ये शानदार बात है।’ वैज्ञानिकों को इस ग्रह पर पानी भाप के रूप में मिला है। WASP-39b ग्रह का तापमान भी काफी ज्यादा है। दिन में इसका तापमान 776 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच जाता है। इसलिए इसे गर्म शनि ग्रह भी कहा जा रहा है। हालांकि शनि ग्रह की तरह इसमें रिंग्स नहीं हैं।