NRI का दर्जा मिलते ही पीपीएफ-एनएससी पर नहीं मिलेगा महंगा ब्याज

इंदौर.जिस दिन से किसी भारतीय व्यक्ति को एनएआरआई (प्रवासी भारतीय) का दर्जा मिलेगा, उसके पहले के महीने से ही उसके चालू पब्लिक प्रोविडेंट फंड (पीपीएफ), नेशनल सेविंग सर्टिफिकेट (एनएससी), पोस्ट ऑफिस की मंथली इनकम स्कीम (एमआईएस) जैसी स्कीम पर ज्यादा ब्याज दर मिलना बंद हो जाएगी। अब ऐसे खातों पर उन्हें सामान्य बचत खाते की ब्याज दर ही मिलेगी। इस संबंध में केंद्र सरकार ने नोटिफिकेशन जारी कर दिया है।
सरकार एनआरआई के पीपीएफ और एनएससी पर निवेश पर पहले ही रोक लगा चुकी थी। सीए स्वप्निल जैन ने बताया कि अब सरकार ने ऐसे खातों पर अधिक ब्याज दर पर भी रोक लगा दी है, जिन्हें खुलवाते वक्त धाताधारक भारतीय थे, लेकिन बाद में एनआरआई का दर्जा मिलने पर भी इन स्कीम में उनका निवेश जारी था। उल्लेखनीय है कि पीपीएफ, एमआईएस, एनएससी जैसी स्कीम में करीब आठ फीसदी ब्याज मिलता है, जबकि सेविंग खाते में तीन से चार फीसदी के बीच।
इसलिए एनआरआई करते हैं निवेश
दरअसल, एनआरआई को केवल भारतीय आय पर ही टैक्स लगता है। इसलिए वह पीपीएफ जैसी स्कीम में निवेश करते थे, जिसमें टैक्स की बचत होती है। पहले केंद्र ने यह खाते खोलने पर रोक लगाई थी और अब एनआरआई की दर्जा मिलते ही पूर्व में खुले ऐसे खातों पर ब्याज दर भी कम कर दी है।