student union election : अलसुबह से दिखी लंबी कतार, वोट डालने उमड़े स्टूडेंट

इंदौर।यूनिवर्सिटी के साथ सरकारी, अनुदान प्राप्त और निजी कॉलेजों में छात्रसंघ चुनाव के लिए सोमवार सुबह आठ बजे से वोटिंग शुरू, जो दो घंटे चली। 20 से ज्यादा कॉलेजों में हुए चुनाव में दोनों छात्र संगठन एनएसयूआई और एबीवीपी में कड़ा मुकाबला है। अलसुबह से कॉलेजों के बाहर लगी भीड़ ने कतार में लगकर वोट किया। इस दौरान किसी को भी बिना आईकार्ड के कॉलेज के भीतर एंट्री नहीं मिली। अंदर केवल सीआर के प्रत्याशी और वोटर ही पहुंचे। मतगणना के बाद शाम को शपथ-ग्रहण होगा।
– सुबह 8 बजे से शुरू हुई वोटिंग के लिए अलसुबह से ही कॉलेजों के बाहर हलचल शुरू हो गई थी। सात बजते-बजते गेट के बाहर लंबी कतार लग गई। इस दौरान पुलिस अधिकारी भी दल-बल के साथ पूरे समय मौके पर मौजूद रहे।
– एनएसयूआई प्रवक्ता महक नागर और टंटू शर्मा के अनुसार वोटिंग से ठीक एनएसयूआई ने अपने 50 से ज्यादा सीआर को बसों में कॉलेजों तक पहुंचाया गया।
– मिली जानकारी अनुसार इन सभी सीआर प्रत्याशियों को कहा गया है कि वे जीतने के बाद एबीवीपी के दबाव में न अाएं। अगर कोई किसी पदाधिकारी के पक्ष में वोट देने के लिए दबाव बनाता है तो सीधे फोन पर संगठन को इसकी सूचना दें।
मतगणना आधे घंटे बाद
– सुबह 8 से 10 बजे तक मतदान हुआ और फिर आधे घंटे में मतगणना शुरू हो गई। दोपहर 12 से 1 बजे के बीच जीते हुए प्रतिनिधि पदाधिकारी के लिए नामांकन करेंगे। दोपहर 3.30 से 4.30 तक पदाधिकारियों के लिए वोटिंग होगी। शाम 4.30 बजे से पदाधिकारियों की मतगणना शुरू होगी। रिजल्ट के तत्काल बाद शपथ-ग्रहण होगा।
यूनिवर्सिटी- सारे विभागों के लिए एक ही अध्यक्ष-उपाध्यक्ष
– तक्षशिला परिसर के आईआईपीएस, आईएमएस, स्कूल ऑफ लॉ, कम्प्यूटर साइंस, आईईटी सहित 27 टीचिंग विभागों में सीआर तो हर कक्षा के अलग-अलग चुने गए। लेकिन पूरे कैंपस में एक ही प्रेसीडेंट और एक-एक ही अन्य पदाधिकारी चुने जाएंगे। हर विभाग के सीआर मिलकर पदाधिकारियों के लिए वोट करेंगे।
5 विभाग व 2 कॉलेजों पर रही निगाहें, यही सबसे ज्यादा संवेदनशील
– यूनिवर्सिटी के पांच विभाग आईआईपीएस, आईएमएस, ईएमआरसी, स्कूल ऑफ लॉ और कम्प्यूटर साइंस के साथ होलकर कॉलेज और जीएसीसी को सबसे ज्यादा संवेदनशील माना गया था। इसलिए यहां पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया था।